चीन का तानाशाही फरमान, हलाल मीट पर लगाया प्रतिबंध

चीन का तानाशाही फरमान, हलाल मीट पर लगाया प्रतिबंध

46
SHARE

हलाल मीट खाना बेहद ज़रुरी है क्योंकि इससे स्वास्थय ठीक रहता है! लेकिन चीन ने इसको इस्लाम से जौड़कर इसके ऊपर तानाशाही रवैया अपनाया है! जहां एक तरफ चीन पाकिस्तान के साथ दोस्ती की पींगे बढा़ रहा है पाक की हर नापाक शाज़िश का हिस्सा बनता रहा है! वहीं दूसरी और मुसलमानों पर सख्ती बढ़ाता जा रहा है! नये फरमानों के मुताबिक अब चीन में हलाल मीट प्रतिबंधित कर दिया गया है!

चीन की शी जिनपिंग सरकार ने हलाल को आतंकवाद के बराबर माना है! चीन सरकार का मानना है हलाल से इस्लाम की प्रवृत्ति को बढ़ावा मिल रहा है! इतने बड़े देश की ऐसी सोच से सबको हैरानी है! शायद चीन जैसे तेज़ी से विकास करने वाले देश को यह अंदाज़ा नहीं है की हलाल मीट खाने से क्या-क्या फायदा होता है! चीन जैसे विशाल एवं शिक्षित देश में कोई सरकार को ज्ञान देने वाला नहीं है की सही क्या है और गलत क्या है!

चीन सरकार को यह तानाशाही फरमान सुनाने से पहले यह अध्ययन करना चाहिए था की यह कदम उठाने के क्या नुकसान हो सकते है! हलाल मीट सेहत के लिए बहुत लाभदायक होता है! जैसे नर्वस सिस्टम के लिए, बॉड़ी की इम्युनिटी को बढ़ाता है, खुन की कमी को दुर करता है, हड्डियों को मज़बूत करे, प्रोटीन से भरपूर होता है और मांसपेशियों को मज़बूती प्रदान करता है इसके अलावा भी कई फायदें है जो शायद चीनी की आंखे नहीं देख पाईं!

चीन के धार्मिक मामलों के प्रशासक वांग जुआन ने कहा कि चीन में स्थानीय विशेषताओं वाला सामजवादी इस्लाम ही स्वीकार्य होगा! नये आदेशों में कहा गया है कि जो लोग सरकारी आदेशों को नहीं मानेंगे उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जायेगी! एक ओर जहां चीन सामाजवाद का समर्थक है वहीं धर्म को लेकर चीन के इस निर्णय से उसका तानाशाह रवैया सामने आ रहा है!

चीनी सरकार का आदेश है की हलाल मीट के अलावा हलाल वाटरए हलाल टॉइलेट पेपरए हलाल टूथपेस्ट और हलाल कॉस्मेटिक भी प्रतिबंधित रहेंगे! ऐसे में सबसे बड़ी मुश्किल चीन मेें रह रहै मुसलिम समुदाय के सामने आ रही है की आखिर वह कौन सा रास्ता अपनाए! चीनी सरकार ने उनके सामने के रास्ते बंद कर दिये है!

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY